Iti Will Be Able To Produce 4g And 5g Equipment In Upcoming Months Saye Tech Mahindra – जल्द ही भारत में शुरू हो जाएगा 4जी, 5जी उपकरणों का निर्माण: टेक महिंद्रा

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पीटीआई, अमर उजाला, नई दिल्ली

Updated Mon, 28 Sep 2020 12:24 PM IST

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आईटी कंपनी टेक महिंद्रा सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी आईटीआई लिमिटेड के साथ प्रौद्योगिकी साझा करने के अग्रिम चरण में है और महिंद्रा समूह के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि आईटीआई अगले कुछ महीनों में 4जी और 5जी उपकरण बनाने में सक्षम होगी।

टेक महिंद्रा नेटवर्क सेवा के सीईओ मनीष व्यास ने कहा कि चीन के साथ भू-राजनीतिक परिदृश्य के बीच देश में बड़े पैमाने पर स्वदेशी तकनीक पर आधारित सॉफ्टवेयर तैयार करने के लिए शानदार अवसर हैं। कंपनी ने जून में 4जी और 5जी प्रौद्योगिकी के विकास के लिए आईटीआई लिमिटेड के साथ समझौता किया था।

व्यास ने कहा, ‘‘हम डिजाइन के आदान-प्रदान के चरण में हैं, योजना पर काम कर रहे हैं और विनिर्माण तकनीक पर आधारित प्रायोगिक परीक्षण भी किये जा रहे हैं। हम अत्यंत अग्रणी चरण में हैं। इसमें सालों नहीं, बल्कि कुछ महीने लगेंगे।’’ उन्होंने कहा कि जाहिर तौर पर यह इस बात पर निर्भर करेगा कि आईटीआई इस क्षेत्र में कितनी जल्दी कारोबार शुरू करती है।

उन्होंने कहा कि आईटीआई के साथ प्रौद्योगिकी हस्तांतरण साझेदारी सार्वजनिक क्षेत्र की इस कंपनी को फिर से पटरी पर लाने की सरकार की इच्छा के अनुरूप है। सरकारी नियमों के तहत आईटीआई को सार्वजनिक क्षेत्र की दूरसंचार कंपनियों बीएसएनएल और एमटीएनएल के नेटवर्क स्थापना के लिए इस्तेमाल होने वाले उपकरणों की आपूर्ति में कोटा हासिल है।

इसके अलावा आईटीआई के पास रक्षा क्षेत्र के लिए संचार नेटवर्क बनाने के लिए 7,796 करोड़ रुपये का ठेका भी है। व्यास ने कहा कि आईटीआई की उच्च-स्तरीय विनिर्माण में वापसी उसके और अन्य भारतीय विनिर्माताओं के लिए एक शानदार अवसर होगा।

टेक महिंद्रा पहले से ही 5जी तकनीक के विकास पर जापान के राकुटेन मोबाइल के साथ काम कर रही है। व्यास ने कहा कि कंपनी सीधे दूरसंचार उपकरणों के विनिर्माण में नहीं उतरेगी, बल्कि नेटवर्क गियर विकसित करने में दुनिया भर की कंपनियों की मदद करेगी।

आईटी कंपनी टेक महिंद्रा सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी आईटीआई लिमिटेड के साथ प्रौद्योगिकी साझा करने के अग्रिम चरण में है और महिंद्रा समूह के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि आईटीआई अगले कुछ महीनों में 4जी और 5जी उपकरण बनाने में सक्षम होगी।

टेक महिंद्रा नेटवर्क सेवा के सीईओ मनीष व्यास ने कहा कि चीन के साथ भू-राजनीतिक परिदृश्य के बीच देश में बड़े पैमाने पर स्वदेशी तकनीक पर आधारित सॉफ्टवेयर तैयार करने के लिए शानदार अवसर हैं। कंपनी ने जून में 4जी और 5जी प्रौद्योगिकी के विकास के लिए आईटीआई लिमिटेड के साथ समझौता किया था।

व्यास ने कहा, ‘‘हम डिजाइन के आदान-प्रदान के चरण में हैं, योजना पर काम कर रहे हैं और विनिर्माण तकनीक पर आधारित प्रायोगिक परीक्षण भी किये जा रहे हैं। हम अत्यंत अग्रणी चरण में हैं। इसमें सालों नहीं, बल्कि कुछ महीने लगेंगे।’’ उन्होंने कहा कि जाहिर तौर पर यह इस बात पर निर्भर करेगा कि आईटीआई इस क्षेत्र में कितनी जल्दी कारोबार शुरू करती है।

उन्होंने कहा कि आईटीआई के साथ प्रौद्योगिकी हस्तांतरण साझेदारी सार्वजनिक क्षेत्र की इस कंपनी को फिर से पटरी पर लाने की सरकार की इच्छा के अनुरूप है। सरकारी नियमों के तहत आईटीआई को सार्वजनिक क्षेत्र की दूरसंचार कंपनियों बीएसएनएल और एमटीएनएल के नेटवर्क स्थापना के लिए इस्तेमाल होने वाले उपकरणों की आपूर्ति में कोटा हासिल है।

इसके अलावा आईटीआई के पास रक्षा क्षेत्र के लिए संचार नेटवर्क बनाने के लिए 7,796 करोड़ रुपये का ठेका भी है। व्यास ने कहा कि आईटीआई की उच्च-स्तरीय विनिर्माण में वापसी उसके और अन्य भारतीय विनिर्माताओं के लिए एक शानदार अवसर होगा।

टेक महिंद्रा पहले से ही 5जी तकनीक के विकास पर जापान के राकुटेन मोबाइल के साथ काम कर रही है। व्यास ने कहा कि कंपनी सीधे दूरसंचार उपकरणों के विनिर्माण में नहीं उतरेगी, बल्कि नेटवर्क गियर विकसित करने में दुनिया भर की कंपनियों की मदद करेगी।



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